TN

TotaRam News

What's Hot

डॉ. जितेंद्र सिंह ने लद्दाख के छात्रों के लिए ‘भोज पर संवाद’ आयोजित किया

Table of Content

डेस्क। केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी, पृथ्वी विज्ञान राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), और पीएमओ, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष राज्य मंत्री डॉ. जितेन्द्र सिंह ने लद्दाख के छात्रों के एक प्रतिनिधिमंडल को अपने निवास पर ‘भोज पर संवाद’ के लिए आमंत्रित किया, उनकी अद्भुत आकांक्षाओं की सराहना की और उनके साथ युवाओं के सशक्तिकरण, राष्ट्रीय एकता, और उभरते अवसरों पर एक खुली और प्रेरणादायक बातचीत की। छात्रों के साथ गर्मजोशी से बातचीत करते हुए, डॉ जितेंद्र सिंह ने उन अनुभवों और सांस्कृतिक आदान-प्रदान की रूपांतरणकारी भूमिका के बारे में बात की, जो युवा मनों को दिशा देने में मदद करते हैं। उन्होंने पहले की छात्र आदान-प्रदान पहलों, विशेष रूप से उत्तर-पूर्व के युवाओं को शामिल करने वाले प्रयासों, को याद करते हुए बताया कि कैसे ऐसे कार्यक्रम दूरदराज़ क्षेत्रों के छात्रों में हिचकिचाहट दूर करने और आत्मविश्वास बढ़ाने में सहायक रहे। उन्होंने एक उदाहरण साझा किया, जहां लोहड़ी, बिहू, मकर संक्रांति और पोंगल जैसे त्योहारों को साथ मिलकर मनाया गया, जिससे छात्रों को यह अनुभव हुआ कि हालांकि परंपराएं अलग हो सकती हैं, लेकिन भारत भर में जश्न की भावना समान है, जो भावनात्मक एकता को मजबूत करती है।

छात्रों से बातचीत करते हुए मंत्री ने कहा कि आज के युग में तकनीक ने भौगोलिक बाधाओं को प्रभावी ढंग से दूर कर दिया है और “छोटे स्थान” की धारणा को समाप्त कर दिया है। डिजिटल पहुँच और बढ़ती अवसंरचना सुविधा के साथ, छात्र अब देश के किसी भी कोने से सिविल सेवा की तैयारी कर सकते हैं और प्रतिस्पर्धी करियर की तैयारी कर सकते हैं। उन्होंने युवाओं को प्रोत्साहित किया कि वे अपने मार्ग का निर्णय लेने से पहले अपनी आंतरिक क्षमता और ताकत को समझें तथा जोर देकर कहा कि स्वयं की स्पष्टता सफलता की नींव है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले दशक के शासन का उल्लेख करते हुए, डॉ. जितेन्द्र सिंह ने कहा कि कई योजनाओं और पहलों ने युवाओं के लिए विभिन्न क्षेत्रों में प्रगति करने के नए अवसर खोले हैं। उन्होंने छात्रों को आश्वासन दिया कि जो भी कड़ी मेहनत करने और आगे बढ़ने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं, उनके लिए सरकारी समर्थन उपलब्ध है। लद्दाख के तेज़ी से बदलाव की बात करते हुए, उन्होंने नए कॉलेजों की स्थापना, उच्च शिक्षा संस्थानों का विस्तार और हाल के वर्षों में इंजीनियरिंग, मेडिकल और सिविल सेवा क्षेत्रों के अवसरों के खुलने का उल्लेख किया। उन्होंने लद्दाख में प्रधानमंत्री के कई दौरों, जिसमें एक कठिन सर्दियों के दौरान की एक यात्रा भी शामिल है, का भी जिक्र किया और इसे क्षेत्र और वहां के लोगों के प्रति गहरी प्रतिबद्धता के का प्रतीक बताया।
आगंतुक छात्र ‘क्षेत्रीय समझ में छात्र अनुभव’ (एसईआरयू) के प्रतिनिधि थे। इस कार्यक्रम का उद्देश्य विशेष रूप से भारत के विभिन्न क्षेत्रों के छात्रों के बीच, बातचीत की सुविधा प्रदान करके सांस्कृतिक समझ, राष्ट्रीय एकता और शैक्षणिक अनुभव को बढ़ावा देना है, ।संवाद के दौरान, एक छात्र प्रतिनिधि ने याद किया कि 1990 के दशक की शुरुआत में, राजस्थान, हरियाणा और दिल्ली सहित कुछ राज्यों के छात्र इसी तरह के कार्यक्रमों के तहत लद्दाख की यात्रा कर चुके हैं। हालांकि इस पहल में समय-समय पर व्यवधान आया, इसे अब संरचित रूप में फिर से शुरू किया गया है। पिछले साल, लद्दाख के अलग-अलग जिलों के 20 छात्रों ने कार्यक्रम में भाग लिया, विभिन्न राज्यों की यात्रा की, विभिन्न व्यक्तियों के साथ संवाद किया, और प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों का दौरा किया, जहाँ उन्होंने कुलपतियों और संकाय सदस्यों से मुलाकात की। इस साल, 30 छात्र कार्यक्रम में भाग ले रहे हैं, जो नवनिर्मित जिले और सीमा क्षेत्रों जैसे कारगिल, नुब्रा और चांगथांग का प्रतिनिधित्व करते हैं, इससे पूरे लद्दाख से व्यापक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित होता है। छात्रों ने इस अनुभव का वर्णन ज्ञान और आत्मविश्वास बढ़ाने वाला बताया, और कहा कि विभिन्न शैक्षणिक वातावरण और सांस्कृतिक परिवेशों का अनुभव करने से उनकी आकांक्षाएं विस्तृत हुई हैं और एक बड़े राष्ट्रीय समुदाय के साथ जुड़ाव की भावना मजबूत हुई है।

totaramnews1@gmail.com

totaramnews1@gmail.com http://totaram.news

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent News

Trending News

Editor's Picks

वर्ण व्यवस्था क्या है? भारतीय दर्शन में ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य और शूद्र की अवधारणा

भारतीय दर्शन में वर्ण व्यवस्था: जन्म नहीं, कर्म और विचारों पर आधारित अवधारणा कामेश। लखनऊ। समाज में वर्ण व्यवस्था सदियों या यूं कह लें कि युगों पुरानी व्यवस्था है। समाज चार वर्णों में बांटा गया था। ये देखते हुए कि कौन व्यक्ति किस तरह के जीवन में अधिक रूचि रखता है। व्यक्ति के सोच विचार...

वीरेंद्र कुमार मिश्र ‘विरही’ का नया हिंदी गीत ‘कुछ अलग लिखता हूं’

कवि वीरेंद्र कुमार मिश्र ‘विरही’ की प्रेरणादायक रचना चांद में दाग सब लिखते,मैं उसकी आग लिखता हूं।विरह में जल रहा सदियों का,वह संभाग लिखता हूं।ताप सूरज की सब लिखते,लिखूं मैं नर्म सांसों को।विनाशों की कथा सबने लिखी,हम लिखते आशों को।बहुत से हंसने वालों के छुपे,मैं दाग लिखता हूं।…… लिखा हर रूप नारी का ,सृजन का...

उत्तर प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देने की तैयारी, मुख्यमंत्री उद्यमी मित्र योजना में 25 नए पदों पर भर्ती

मुख्यमंत्री उद्यमी मित्र योजना से मजबूत होगा राज्य का निवेश तंत्र लखनऊ। उत्तर प्रदेश को $1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के अनुरूप ‘इन्वेस्ट यूपी’ राज्य के निवेश पारिस्थितिकी तंत्र को निरंतर सशक्त बना रहा है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री उद्यमी मित्र योजना के तहत 25 अतिरिक्त उद्यमी मित्रों...

Lucknow Fake Medicine Case: FSDA और पुलिस ने नकली दवा कारोबार के अवैध नेटवर्क का किया खुलासा

FSDA की छापेमारी में बड़ा खुलासा लखनऊ। नकली एवं अवैध औषधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लखनऊ और गोंडा में संचालित एक संगठित दवा नेटवर्क का खुलासा किया है। अधिकारियों के अनुसार, 8 और 9 जुलाई 2026 को मुख्यालय से...

काशी विकास को नई दिशा देगा Sustainable Cities Challenge, स्मार्ट मोबिलिटी और क्राउड मैनेजमेंट पर जोर

नवाचार और तकनीक से होगी काशी में बेहतर क्राउड मैनेजमेंट व्यवस्था लखनऊ। काशी के ऐतिहासिक एवं प्राचीन स्वरूप को संरक्षित रखते हुए भीड़ प्रबंधन और सतत शहरी परिवहन (सस्टेनेबल मोबिलिटी) के प्रभावी समाधान विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए होटल क्लार्क में “सस्टेनेबल सिटीज चैलेंज” कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के...

TN

TOTARAM News

तोताराम न्यूज़ – सच्ची, सरल और ट्रेंडिंग  खबरों का नया ठिकाना।
यहाँ हर खबर मिलेगी बिना तोड़-मरोड़ के, सीधे जनता की आवाज़ के साथ।.

क्विक लिंक्स

पॉपुलर कैटेगरीज़

अवश्य पढ़ें

©2025– TotaRam.news All Right Reserved.