TN

TotaRam News

What's Hot

UP RERA ने शुरू किया 46वां रियल एस्टेट एजेंट प्रशिक्षण कार्यक्रम, 62 प्रतिभागी ले रहे प्रमाणन प्रशिक्षण

Table of Content

पेशेवर कार्यप्रणाली और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए 46वां प्रशिक्षण शुरू

लखनऊ/गौतमबुद्ध नगर। उत्तर प्रदेश भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण ने रियल एस्टेट क्षेत्र में बेहतर कार्यप्रणाली और नियमों का पालन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से 46वां रियल एस्टेट एजेंट प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया है। चार दिवसीय यह प्रशिक्षण बुधवार को ग्रेटर नोएडा स्थित एनआईईटी परिसर में शुरू हुआ। इसका आयोजन छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय, कानपुर के सहयोग से किया जा रहा है।

इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों से कुल 62 प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं। प्रशिक्षण पूरा करने और परीक्षा में सफल होने के बाद प्रतिभागी प्रमाणित रियल एस्टेट एजेंट के रूप में पंजीकरण के लिए आवेदन करने के पात्र होंगे।

कार्यक्रम का उद्घाटन यूपी रेरा के अध्यक्ष संजय भूसरेड्डी ने ऑनलाइन माध्यम से किया। कार्यक्रम स्थल पर राजस्व वसूली अधिकारी अंशुमान सिंह और उप सचिव पंकज सक्सेना ने दीप प्रज्ज्वलित किया। उद्घाटन सत्र में सचिव महेंद्र वर्मा, प्रधान सलाहकार अबरार अहमद, संयुक्त सचिव के.के. सिंह और वित्त सलाहकार सुधांशु त्रिपाठी ऑनलाइन माध्यम से शामिल हुए। वहीं, छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय, कानपुर की ओर से प्रकाश पांडेय कार्यक्रम में उपस्थित रहे।

अध्यक्ष ने प्रशिक्षण के महत्व पर दिया जोर

उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए यूपी रेरा के अध्यक्ष संजय भूसरेड्डी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के रियल एस्टेट क्षेत्र को अधिक पारदर्शी, जिम्मेदार और पेशेवर बनाने में व्यवस्थित प्रशिक्षण और प्रमाणन की महत्वपूर्ण भूमिका है।

उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य रियल एस्टेट एजेंट बनने के इच्छुक लोगों को रेरा अधिनियम, उससे जुड़े नियमों और रेरा की कार्यप्रणाली की पूरी जानकारी देना है, ताकि वे अपने काम और जिम्मेदारियों को बेहतर तरीके और ईमानदारी से निभा सकें।

अध्यक्ष ने कहा कि रियल एस्टेट क्षेत्र लंबे समय से कई तरह की समस्याओं का सामना करता रहा है, जिनका असर प्रमोटरों, एजेंटों और घर खरीदारों सभी पर पड़ा है। रेरा की स्थापना के बाद इन समस्याओं को दूर करने की दिशा में महत्वपूर्ण काम हुआ है। इससे रियल एस्टेट क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ी है व घर खरीदारों का भरोसा भी मजबूत हुआ है।

उन्होंने प्रतिभागियों को बताया कि प्रशिक्षण पूरा होने के बाद एक परीक्षा आयोजित की जाएगी। परीक्षा में सफल होने वाले प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र दिया जाएगा, जिसके आधार पर वे रियल एस्टेट एजेंट के रूप में पंजीकरण के लिए आवेदन कर सकेंगे। श्री भूसरेड्डी ने कहा कि यूपी रेरा का उद्देश्य केवल नियमों का पालन कराना ही नहीं है, बल्कि प्रदेश में ऐसा रियल एस्टेट क्षेत्र तैयार करना भी है, जहां पारदर्शिता हो, लोगों का भरोसा हो और घर खरीदारों के हितों को प्राथमिकता मिले।

पहले दिन हुए तकनीकी सत्र

प्रशिक्षण के पहले दिन रियल एस्टेट क्षेत्र से जुड़े महत्वपूर्ण नियमों और कानूनी विषयों पर विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों को जानकारी दी। राजस्व वसूली अधिकारी अंशुमान सिंह ने रेरा अधिनियम के प्रावधानों, यूपी रेरा के नियमों और विनियमों के साथ-साथ आवंटियों के अधिकारों और जिम्मेदारियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

इसके बाद विनय अग्रहरि ने यूपी रेरा के ऑनलाइन पोर्टल की कार्यप्रणाली और उसकी प्रमुख सुविधाओं के बारे में बताया। दिन के अंतिम तकनीकी सत्र में अधिवक्ता दिव्यांशु सारस्वत ने रियल एस्टेट से जुड़े लेन-देन में महत्वपूर्ण संविदा अधिनियम और संपत्ति हस्तांतरण अधिनियम के प्रमुख प्रावधानों की जानकारी दी।

यूपी रेरा ने रियल एस्टेट एजेंट के पंजीकरण से पहले प्रशिक्षण और प्रमाणन को अनिवार्य किया है। इसका उद्देश्य रियल एस्टेट एजेंटों की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाना, सही व्यावसायिक व्यवहार को बढ़ावा देना और प्रदेश के घर खरीदारों के हितों को अधिक सुरक्षित करना है।

अब तक 1,700 से अधिक अभ्यर्थी हो चुके हैं प्रमाणित

46वें बैच की शुरुआत के साथ यूपी रेरा अब तक लखनऊ और ग्रेटर नोएडा में 45 प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक आयोजित कर चुका है। इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए 3,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने पंजीकरण कराया, जबकि 1,998 प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण पूरा किया है। अब तक 41वें बैच तक की परीक्षा के परिणाम घोषित किए जा चुके हैं। प्रमाणन परीक्षा पास करने के बाद कुल 1,713 अभ्यर्थी सफलतापूर्वक प्रमाणित हो चुके हैं।

रियल एस्टेट एजेंट के पंजीकरण से पहले प्रशिक्षण और प्रमाणन को अनिवार्य करना यूपी रेरा की एक महत्वपूर्ण पहल है। इसका उद्देश्य रियल एस्टेट क्षेत्र में काम करने वाले एजेंटों के पेशेवर स्तर को बेहतर बनाना और पूरे उत्तर प्रदेश में घर खरीदारों के हितों को अधिक मजबूत सुरक्षा प्रदान करना है।

totaramnews1@gmail.com

totaramnews1@gmail.com http://totaram.news

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent News

Trending News

Editor's Picks

खुन खुन जी गर्ल्स पी.जी. कॉलेज में राज्य स्तरीय युवा महोत्सव का आयोजन

Lucknow में राज्य स्तरीय युवा महोत्सव ‘हौसलों की उड़ान 2026’ का आयोजन, मंत्री असीम अरुण हुए शामिल लखनऊ। प्रदेश के समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने मंगलवार को लखनऊ स्थित खुन खुन जी गर्ल्स पी.जी. कॉलेज में आयोजित राज्य स्तरीय युवा महोत्सव ‘हौसलों की उड़ान 2026’ में मुख्य अतिथि के रूप में...

UP RERA: सितंबर 2026 से QPR के साथ डिजिटल होंगे आर्किटेक्ट, इंजीनियर और CA के प्रमाणपत्र

आर्किटेक्ट, इंजीनियर और CA के सर्टिफिकेट होंगे डिजिटल लखनऊ/गौतमबुद्ध नगर। उत्तर प्रदेश रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (यूपी रेरा) ने रियल एस्टेट परियोजनाओं की प्रगति से संबंधित जानकारी को अधिक पारदर्शी, सटीक और अपडेट रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। अब 30 सितंबर 2026 को समाप्त होने वाली तिमाही से प्रमोटरों को अपने...

लखनऊ में ‘नमन’ कथक समारोह 2026: पं. लच्छू महाराज की स्मृति में ख्यातिप्राप्त कलाकारों ने दी शानदार प्रस्तुतियां

कथक प्रस्तुतियों से यादगार बना ‘नमन’ लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कला संवर्धन-संरक्षण की नीति के अनुपालन में एवं संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह की प्रेरणा व मार्गदर्शन में तथा उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी के अध्यक्ष प्रो. जयंत खोत, उपाध्यक्ष विभा सिंह एवं निदेशक राज कुमार की कुशल परिकल्पना एवं संयोजन में उत्तर...

अमेठी में विकसित हो रहा मलिक मोहम्मद जायसी पार्क, सूफी-कबीर पर्यटन सर्किट को मिलेगी मजबूती

आधुनिक लाइब्रेरी से 120 सीटों वाले ऑडिटोरियम तक बन रहा नया परिसर लखनऊ/अमेठी। सूफी संत और महान कवि मलिक मोहम्मद जायसी की साहित्यिक विरासत को नई पहचान देने की दिशा में उत्तर प्रदेश सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। अमेठी जिले में स्थित मलिक मोहम्मद जायसी स्मारक एवं पार्क को सूफी-कबीर सर्किट के तहत आधुनिक...

KGMU प्रोफेसर डॉ. फहद मंसूर समदी को FDS RCPS Glasgow की प्रतिष्ठित फेलोशिप

उत्तर भारत के पहले Oral Pathologist बने डॉ. समदी, KGMU के लिए बड़ी उपलब्धि लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के ओरल पैथोलॉजी विभाग के प्रोफेसर डॉ. फहद मंसूर सामदी को दंत चिकित्सा के क्षेत्र की प्रतिष्ठित रॉयल कॉलेज ऑफ फिजिशियंस एंड सर्जन्स ऑफ ग्लासगो (FDS RCPS Glasgow) की फेलोशिप से सम्मानित किया गया है।...

TN

TOTARAM News

तोताराम न्यूज़ – सच्ची, सरल और ट्रेंडिंग  खबरों का नया ठिकाना।
यहाँ हर खबर मिलेगी बिना तोड़-मरोड़ के, सीधे जनता की आवाज़ के साथ।.

क्विक लिंक्स

पॉपुलर कैटेगरीज़

अवश्य पढ़ें

©2025– TotaRam.news All Right Reserved.