संजय मिश्र।
देवरिया। देवरिया जनपद के महुआडीह थाना क्षेत्र अंतर्गत रामपुर बनहर गांव में पारिवारिक विवाद ने बीती रात हिंसक रूप ले लिया, जिसमें एक महिला की मौत हो गई और दो बच्चे घायल हो गए। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है। एक मामूली पारिवारिक विवाद ने जिस तरह हिंसक रूप ले लिया, उसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। इस घटना में एक महिला की जान चली गई और दो मासूम बच्चे घायल हो गए। सबसे बड़ा सवाल अब यही है कि जिन बच्चों ने अपनी आंखों के सामने मां को खो दिया, उनका आगे का जीवन कैसे संभलेगा और इस दर्द से वे कैसे उबर पाएंगे।
जानकारी के अनुसार, गांव निवासी 40 वर्षीय रविता देवी पत्नी उमेश विश्वकर्मा का अपने पट्टीदारों से लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद के दौरान दोनों पक्षों की महिलाओं के बीच कहासुनी शुरू हुई, जो धीरे-धीरे हिंसक झगड़े में बदल गई।
आरोप है कि झगड़े के दौरान एक पक्ष की महिला ने रविता देवी पर घर में रखी किसी भारी वस्तु से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। मां को बचाने के लिए उनके 15 वर्षीय पुत्र शिव और 17 वर्षीय पुत्री अर्चना ने बीच-बचाव किया, लेकिन इस दौरान दोनों बच्चे भी घायल हो गए।
घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से सभी घायलों को तत्काल महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज, देवरिया ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने रविता देवी को मृत घोषित कर दिया। बच्चों का उपचार जारी है।
मृतका के पति उमेश विश्वकर्मा इस समय बाहर कार्यरत हैं। घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और मामले में केस दर्ज कर जांच की जा रही है तथा एक आरोपी को हिरासत में लिया गया है।
16 अप्रैल को मृतका के पुत्र शिव विश्वकर्मा की तहरीर के आधार पर स्थानीय थाने में मुकदमा पंजीकृत किया गया। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुखबिर की सूचना पर खड़ाईच मोड़ के पास से राज विश्वकर्मा एवं मोनी विश्वकर्मा को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के उपरांत अभियुक्तों की निशानदेही पर लीलापुल सीएचसी के समीप स्थित बगीचे से घटना में प्रयुक्त फावड़ा बरामद किया गया। पुलिस द्वारा आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
