यांत्रिक अभियांत्रिकी और ऑटोमेशन एवं रोबोटिक्स के विद्यार्थियों को तकनीकी साक्षात्कार
लखनऊ। ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय, लखनऊ के यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग द्वारा विद्यार्थियों को आगामी परिसर नियुक्ति (Campus Placement) के लिए तैयार करने के उद्देश्य से तीन दिवसीय नियुक्ति तैयारी सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन डॉ. एस.ए.एच. रिजवी, सह-आचार्य एवं विभागाध्यक्ष, यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग के कुशल मार्गदर्शन में किया गया।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम बी.टेक. यांत्रिक अभियांत्रिकी के तृतीय वर्ष एवं अंतिम वर्ष तथा बी.टेक. स्वचालन एवं रोबोटिक्स के तृतीय वर्ष के विद्यार्थियों के लिए आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को परिसर नियुक्ति प्रक्रिया के विभिन्न चरणों के लिए आवश्यक संवाद कौशल, तकनीकी दक्षता, साक्षात्कार कौशल, आत्मविश्वास एवं व्यावसायिक व्यवहार से परिचित कराना रहा।
प्रथम दिवस – संवाद कौशल विकास
कार्यक्रम के प्रथम दिवस “संवाद कौशल विकास” विषय पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। इस सत्र का संचालन डॉ. अर्पित कटियार, सहायक आचार्य, अनुप्रयुक्त विज्ञान एवं मानविकी विभाग, अभियांत्रिकी एवं प्रौद्योगिकी संकाय द्वारा किया गया।
उन्होंने विद्यार्थियों को प्रभावी संवाद, आत्मविश्वास, शारीरिक हाव-भाव, साक्षात्कार के दौरान स्वयं को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने तथा व्यावसायिक वातावरण में संवाद के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि तकनीकी ज्ञान के साथ प्रभावी संवाद कौशल भी रोजगार के अवसर प्राप्त करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
द्वितीय दिवस – तकनीकी साक्षात्कार की तैयारी
दूसरे दिवस का सत्र “तकनीकी साक्षात्कार की तैयारी” विषय पर केंद्रित रहा। इस सत्र का संचालन सत्येंद्र कुमार शुक्ला, सहायक आचार्य, यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग तथा डॉ. एस.ए.एच. रिजवी, सह-आचार्य एवं विभागाध्यक्ष द्वारा किया गया।
सत्र में विद्यार्थियों को तकनीकी साक्षात्कार की प्रक्रिया, यांत्रिक अभियांत्रिकी के प्रमुख विषयों, संभावित तकनीकी प्रश्नों, समस्या-समाधान क्षमता तथा साक्षात्कार के दौरान अपने तकनीकी ज्ञान को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के तरीकों के बारे में मार्गदर्शन प्रदान किया गया। विद्यार्थियों को सैद्धांतिक ज्ञान के साथ-साथ उसके व्यावहारिक अनुप्रयोग पर भी विशेष ध्यान देने के लिए प्रेरित किया गया।
तृतीय दिवस – तकनीकी प्रशिक्षण सत्र
तृतीय दिवस पर विशेष तकनीकी प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। इस सत्र का संचालन डॉ. पीयूष पाल, सहायक आचार्य, यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग द्वारा किया गया। उन्होंने विद्यार्थियों को तकनीकी ज्ञान को सुदृढ़ करने, अभियांत्रिकी समस्याओं को व्यावहारिक दृष्टिकोण से समझने तथा उद्योग जगत की आवश्यकताओं के अनुरूप अपनी तकनीकी क्षमताओं को विकसित करने के संबंध में मार्गदर्शन प्रदान किया।
तीन दिवसीय इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की तथा विशेषज्ञों से संवाद करते हुए अपनी जिज्ञासाओं एवं शंकाओं का समाधान प्राप्त किया। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को यह समझने का अवसर मिला कि परिसर नियुक्ति के लिए विषयगत ज्ञान के साथ-साथ संवाद कौशल, तकनीकी दक्षता, आत्मविश्वास, समस्या-समाधान क्षमता तथा साक्षात्कार के प्रति उचित दृष्टिकोण भी आवश्यक है।
कार्यक्रम के सफल आयोजन पर डॉ. एस.ए.एच. रिजवी, सह-आचार्य एवं विभागाध्यक्ष ने विद्यार्थियों को निरंतर सीखने, अपने तकनीकी एवं व्यावसायिक कौशल को विकसित करने तथा उपलब्ध रोजगार अवसरों का प्रभावी ढंग से लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
यांत्रिक अभियांत्रिकी विभाग द्वारा आयोजित यह तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्यार्थियों को शैक्षणिक संस्थान से उद्योग जगत की ओर बढ़ने तथा रोजगार के लिए स्वयं को तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रहा।
