लखनऊ। उत्तर प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने आज राजधानी लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में राष्ट्रकवि रामधारी सिंह ‘दिनकर’ जी की 52वीं पुण्यतिथि एवं उनकी कालजयी कृति ‘रश्मिरथी’ के हीरक जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में आयोजित तीन दिवसीय ‘रश्मिरथी पर्व’ के समापन कार्यक्रम में मुख्य रूप से सहभागिता की। 24 अप्रैल से शुरू हुए इस तीन दिवसीय आयोजन के अंतिम दिन उन्होंने अपने विचार साझा करते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्रीयता की चेतना को और अधिक सशक्त बनाने में मील का पत्थर साबित होंगे।
कार्यक्रम के समापन अवसर पर सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। तीसरे दिन स्वराज्य चेतना के पुरोधा लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक के प्रेरक जीवन संघर्षों को जीवंत करती नाट्य प्रस्तुति ‘लोकमान्य तिलक’ का मंचन किया गया। इसके साथ ही पूर्व प्रधानमंत्री व भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी की दस कालजयी कविताओं पर आधारित संगीतमय नृत्य नाटिका ‘अटल स्वरांजलि’ की प्रस्तुति अत्यंत हृदयस्पर्शी और प्रेरणादायक रही, जिसने दर्शकों को राष्ट्रभक्ति के भाव से सराबोर कर दिया।
इस भव्य समापन समारोह में उत्तर प्रदेश विधान सभा के अध्यक्ष सतीश महाना, प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना तथा पूर्व केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे की उपस्थिति रही। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य व्यक्ति, साहित्यकार और कला प्रेमी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे, जिन्होंने ‘दिनकर’ जी के साहित्यिक योगदान और रश्मिरथी के गौरवशाली 75 वर्षों का उत्सव मनाया।
