- लगातार लाभ अर्जित कर रहे निगम का वित्तीय वर्ष 2025-26 में 40 करोड़ रुपये से अधिक का मुनाफा संभावित
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की उदारता और कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही के प्रयासों के फलस्वरूप उत्तर प्रदेश राज्य बीज विकास निगम के कार्मिकों को सातवां वेतनमान दिए जाने का निर्णय लिया गया है। एक निगम होने के कारण अभी तक इन कर्मियों को सरकारी विभागों की तरह वेतन का यह लाभ प्राप्त नहीं हो सका था। मुख्यमंत्री के इस संवेदनशील निर्णय से निगम के कर्मचारियों में हर्ष व्याप्त है, क्योंकि लंबे समय बाद उन्हें अन्य सरकारी कर्मचारियों की भांति सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों का लाभ मिलेगा।
उत्तर प्रदेश राज्य बीज विकास निगम की वित्तीय स्थिति में पिछले कुछ वर्षों में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। निगम वित्तीय वर्ष 2017-18 के बाद से, विशेषकर वित्तीय वर्ष 2019-20 से निरंतर लाभ अर्जित कर रहा है। वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-26 में निगम द्वारा 40.00 करोड़ रुपये से अधिक का लाभ अर्जित किया जाना संभावित है। निगम की इस सुदृढ़ वित्तीय स्थिति और कर्मियों के समर्पण को देखते हुए ही सातवें वेतनमान की फाइल को स्वीकृति प्रदान की गई है।
उल्लेखनीय है कि वित्तीय वर्ष 2024-25 तक निगम का कुल संचित लाभ 143.07 करोड़ रुपये हो चुका है। कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही के विशेष प्रयासों ने निगम को घाटे से उबारकर लाभ की स्थिति में लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसी सफलता के परिणामस्वरुप मुख्यमंत्री ने कार्मिकों के हित में सातवां वेतनमान लागू करने का निर्णय लिया है, जिससे कर्मचारियों के जीवन स्तर में गुणात्मक सुधार सुनिश्चित होगा।
