- ‘इंडिया स्किल्स नेशनल कॉम्पिटिशन 2025-26’ का आगाज
- योगी सरकार के प्रयासों से प्रदेश बना राष्ट्रीय कौशल गतिविधियों का प्रमुख केंद्र
- देशभर के 650 से अधिक प्रतिभागी 63 कौशलों में दिखाएंगे हुनर
- वैश्विक कंपनियां साझा करेंगी अनुभव
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा युवाओं को कौशल विकास के क्षेत्र में नए अवसर प्रदान किया जा रहा है। प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा, कौशल विकास एवं उद्यमशीलता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिल देव अग्रवाल के निर्देशन में ग्रेटर नोएडा में ‘इंडिया स्किल्स नेशनल कॉम्पिटिशन 2025-26’ का भव्य आयोजन किया जा रहा है।
भारत सरकार के कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय (MSDE) एवं राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (NSDC) के तत्वावधान में आयोजित यह देश की सबसे बड़ी कौशल प्रतियोगिता है, जिसमें देश के 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 650 से अधिक प्रतिभागी भाग ले रहे हैं। प्रतियोगिता में प्रतिभागी 63 विभिन्न कौशलों में अपनी दक्षता का प्रदर्शन करेंगे।
इसका उद्घाटन समारोह 29 मार्च 2026 को गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा के ऑडिटोरियम में आयोजित किया जाएगा। इसके बाद 30 मार्च से 1 अप्रैल तक इंडिया एक्सपो मार्ट के हॉल 9 से 12 में प्रतियोगिताएं आयोजित होंगी तथा समापन समारोह 2 अप्रैल 2026 को आयोजित किया जाएगा।
मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि उत्तर प्रदेश आज कौशल विकास के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बन रहा है। ‘इंडियास्किल्स नेशनल कॉम्पिटिशन’ जैसे आयोजनों से युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मंच मिलता है। उन्होंने कहा कि योगी सरकार का लक्ष्य युवाओं को रोजगार मांगने वाला नहीं, बल्कि रोजगार सृजित करने वाला बनाना है और इस दिशा में कौशल विकास मिशन निरंतर कार्य कर रहा है।
प्रतियोगिता के दौरान रोबोटिक्स, ग्रीन स्किल्स और भविष्य के रोजगार जैसे विषयों पर विशेष सत्र आयोजित किए जाएंगे, जिनमें FANUC, FESTO, Autodesk और DMG Mori जैसी वैश्विक कंपनियां अपने अनुभव साझा करेंगी। राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतियोगिता से पूर्व विभिन्न राज्यों में आयोजित क्षेत्रीय प्रतियोगिताओं में भी उत्तर प्रदेश के प्रतिभागियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, जिसमें कई प्रतिभागियों ने पदक हासिल कर प्रदेश का नाम रोशन किया। प्रदेश के युवाओं, शिक्षण संस्थानों एवं प्रशिक्षण केंद्रों से इस आयोजन में सक्रिय सहभागिता की अपील की गई है, ताकि अधिक से अधिक युवा कौशल विकास के इस मंच का लाभ उठा सकें और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में योगदान दे सकें।
