नई दिल्ली। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने आज नई दिल्ली में आयोजित एक बैठक में मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से प्राप्त सुझावों के आधार पर आंध्र प्रदेश में 8,512 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्गों तथा पश्चिम बंगाल में 3,748 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की गुणवत्ता और रख-रखाव की प्रगति की समीक्षा की। समीक्षा बैठक में केंद्रीय राज्य मंत्री हर्ष मल्होत्रा के साथ सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, नेशनल हाईवेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड के वरिष्ठ अधिकारी और परियोजनाओं के ठेकेदार उपस्थित थे।
समीक्षा के दौरान नितिन गडकरी ने जमीनी स्तर पर कार्यान्वयन में तेजी लाने, गुणवत्ता निगरानी तंत्र को सुदृढ़ करने और परिसंपत्तियों की आयु बढ़ाने, यात्रा गुणवत्ता में सुधार लाने तथा निर्बाध संपर्क सुनिश्चित करने हेतु आधुनिक निर्माण पद्धतियों को अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने संपर्क, आर्थिक विकास और यात्रियों की सुविधा को बढ़ावा देने वाले टिकाऊ और दक्ष राजमार्गों के विकास हेतु उन्नत प्रौद्योगिकियों को अपनाने पर भी जोर दिया।
मंत्री ने अधिकारियों को मानसून की तैयारी के लिए व्यापक उपाय करने के निर्देश दिए, जिनमें प्रभावी जल निकासी प्रबंधन, ढलान संरक्षण कार्य तथा व्यवधानों को न्यूनतम करने और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु त्वरित प्रतिक्रिया प्रणालियाँ शामिल हैं। बैठक में राजमार्गों की गुणवत्ता और रख-रखाव से संबंधित प्रमुख पहलुओं पर विस्तृत चर्चा की गई, जिनमें आरई (रिटेनिंग अर्थ) दीवारें, सुरक्षा लेखापरीक्षण, सड़क संकेतक, प्लांटेशन तथा लैंडस्केपिंग, प्रीकास्ट निर्माण, ब्लैक स्पॉट सुधार, एक्सपेंशन जॉइंट, परियोजनाओं के उपयुक्त प्रारंभ एवं समापन बिंदु तथा सामग्री अनुपालन शामिल थे। नितिन गडकरी ने सभी हितधारकों को सुधारात्मक उपायों का समयबद्ध कार्यान्वयन सुनिश्चित करने तथा निर्धारित गुणवत्ता मानकों का अनुपालन करने के निर्देश दिए।
