लखनऊ। माँ बगलामुखी जयंती 2026 के पावन अवसर पर देशभर में श्रद्धा और आध्यात्मिक उत्साह का माहौल देखने को मिलेगा। इस दिन को दस महाविद्याओं में से एक माँ बगलामुखी के प्राकट्य दिवस के रूप में मनाया जाता है, जिन्हें शत्रु नाश, नकारात्मक ऊर्जा के निवारण और भक्तों की रक्षा के लिए पूजनीय माना जाता है।
इस अवसर पर विशेष साधना शिविरों और ऑनलाइन कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है, जिनमें श्रद्धालु बड़ी संख्या में भाग लेंगे। ऑनलाइन सामूहिक साधना का मार्गदर्शन Rajnish M Misra Shivay द्वारा किया जाएगा, जिसमें साधकों को मानसिक शांति, आत्मविश्वास और आध्यात्मिक ऊर्जा बढ़ाने का अवसर मिलेगा। शिविर का समय 24 अप्रैल को 8 से 9 pm रखा गया है।
जानकारी के अनुसार, माँ बगलामुखी की स्तम्भन शक्ति को अत्यंत प्रभावशाली माना जाता है, जो नकारात्मक परिस्थितियों, बाधाओं और गलत प्रभावों को रोकने में सक्षम मानी जाती है। साधना में भाग लेने वाले श्रद्धालुओं का मानना है कि इस अवसर पर की गई साधना से जीवन में सकारात्मक बदलाव और आत्मिक मजबूती का अनुभव होता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, इस दिन ध्यान और साधना करने से आत्मबल, निर्णय क्षमता और मानसिक स्थिरता में वृद्धि होती है। साथ ही इसे जीवन की चुनौतियों से निपटने के लिए भी महत्वपूर्ण माना जाता है। इस प्रकार माँ बगलामुखी जयंती 2026 श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक ऊर्जा और आत्मिक जागरण का एक महत्वपूर्ण अवसर बनकर सामने आ रही है।
