- एलडीए के अर्जन व प्रवर्तन विभाग की संयुक्त टीम ने की कार्रवाई
- सुशांत गोल्फ सिटी में अवैध प्लाटिंग व सैरपुर में 04 अवैध रो-हाउस भवन ध्वस्त
लखनऊ। लखनऊ विकास प्राधिकरण ने गुरूवार को गोमती नगर विस्तार में बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध मैरिज लॉन पर बुलडोजर चलाया। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के निर्देश पर यह कार्रवाई अर्जन एवं प्रवर्तन विभाग की संयुक्त टीम ने की।
एलडीए के सचिव विवेक श्रीवास्तव ने बताया कि जल निगम द्वारा एस0टी0पी0 के निर्माण के लिए गोमती नगर विस्तार में भूमि मांगी गयी थी। जिसके लिए भूमि चिन्हांकन की कार्रवाई की जा रही थी। इसमें पाया गया कि गोमती नगर विस्तार के सेक्टर-1 में ग्वारी पुल के नीचे सी0एम0एस0 की ओर जाने वाली सड़क पर प्राधिकरण की लगभग 4000 वर्गमीटर अर्जित भूमि पर वी0के0 सिंह व अन्य द्वारा अवैध रूप से कब्जा करके मैरिज लॉन संचालित किया जा रहा है। इस पर उपाध्यक्ष महोदय द्वारा मौके पर अभियान चलाकर भूमि को कब्जा मुक्त कराने के निर्देश दिये गये थे।
प्रभारी अधिकारी-अर्जन विपिन कुमार शिवहरे ने बताया कि गुरूवार को अर्जन व प्रवर्तन विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर अभियान चलाया। लगभग 03 घंटे तक चली कार्रवाई के दौरान अवैध मैरिज लॉन को पूरी तरह ध्वस्त करके भूमि को कब्जा मुक्त करा लिया गया।
सुशांत गोल्फ सिटी में अवैध प्लाटिंग ध्वस्त
प्रवर्तन जोन-1 के जोनल अधिकारी देवांश त्रिवेदी ने बताया कि वेद प्रकाश व अन्य द्वारा सुशांत गोल्फ सिटी थानाक्षेत्र के सरसवां में लगभग 04 बीघा क्षेत्रफल में अनाधिकृत रूप से प्लाटिंग का कार्य करते हुए अवैध प्लाटिंग विकसित की जा रही थी। एलडीए से ले-आउट स्वीकृत कराये बिना की जा रही उक्त अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया गया।
सैरपुर में चार अवैध रो-हाउस ध्वस्त
प्रवर्तन जोन-4 के जोनल अधिकारी माधवेश कुमार ने बताया कि प्रवीण महतो, रामेश्वर यादव व अन्य द्वारा सैरपुर के मुबारकपुर की प्रशांत नगर कालोनी में लगभग 400 वर्गमीटर क्षेत्रफल के भूखण्ड पर 04 रो-हाउस भवनों का निर्माण कराया जा रहा था। एलडीए से मानचित्र स्वीकृत कराये बिना निर्मित किये जा रहे इन अवैध भवनों को ध्वस्त कर दिया गया।
चार अवैध निर्माण सील
प्रवर्तन जोन-6 के जोनल अधिकारी प्रभाकर सिंह ने बताया कि वजीरगंज, हसनगंज, हजरतगंज व अमीनाबाद में अभियान चलाया गया। इस दौरान शहजाद, परवेज खालिद, अनूप अग्रवाल, राम रस्तोगी व अन्य द्वारा अवैध रूप से निर्मित किये जा रहे 03 व्यावसायिक व 01 आवासीय भवन को सील किया गया।
