बोर्ड की समस्याओं और छात्रों के हितों को लेकर मुख्यमंत्री से कार्रवाई की मांग
लखनऊ। माध्यमिक उच्च तकनीकी एवं मेडिकल कॉलेज संयुक्त महासभा भारत (रजि.) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजय कुमार शर्मा ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को संबोधित 7 सूत्रीय मांगपत्र जारी कर आयुर्वेदिक तथा यूनानी तिब्बी चिकित्सा पद्धति बोर्ड, उत्तर प्रदेश से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
मांगपत्र में कहा गया है कि बोर्ड लंबे समय तक अक्रियाशील रहने तथा परीक्षा एवं शैक्षणिक कार्य प्रभावित होने से संबद्ध आयुर्वेदिक एवं यूनानी पैरामेडिकल संस्थानों और छात्रों को गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है। संगठन का आरोप है कि प्रमुख सचिव आयुष के स्तर पर विधिक प्रावधानों एवं न्यायालय के आदेशों का समुचित पालन नहीं किए जाने के कारण बोर्ड का कार्य प्रभावित हुआ, जिससे छात्रों, संस्थानों और सरकार की छवि पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा।

संगठन ने मुख्यमंत्री से प्रमुख सचिव आयुष एवं बोर्ड के रजिस्ट्रार की भूमिका की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने, बोर्ड को विधिक प्रावधानों के अनुरूप स्थिर एवं सक्रिय बनाने, लंबित परीक्षाएं, प्रवेश, नवीनीकरण एवं अन्य शैक्षणिक कार्य शीघ्र प्रारंभ कराने की मांग की है।
इसके अतिरिक्त मांगपत्र में शासन स्तर पर होने वाली वार्ताओं में बोर्ड के उपाध्यक्ष को शामिल करने, छात्रों को परीक्षा में विलंब के कारण हुई क्षति एवं छात्रवृत्ति संबंधी नुकसान की भरपाई करने तथा भविष्य में बोर्ड के कार्यों में किसी प्रकार की प्रशासनिक बाधा न आने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की भी मांग की गई है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष अजय कुमार शर्मा ने कहा कि यदि समय रहते इन मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो हजारों छात्रों का भविष्य प्रभावित होगा। उन्होंने राज्य सरकार से मामले में शीघ्र हस्तक्षेप कर बोर्ड के लंबित शैक्षणिक कार्यों को पूरा कराने तथा छात्रों और संस्थानों के हितों की रक्षा करने की अपील की है।
